Gooseberry धरती पर फल नहीं है एक अमृत के समान है। इससे एक नहीं हजारों बीमारियों का उपचार किया जा सकता है। Gooseberry लगभग हर बीमारी का उपचार माना जाता है। इसका प्रयोग कई तरह से किया जाता है। शरीर में जितनी भी कमजोरियां हैं। 
उनको दूर करने के लिए Gooseberry प्रकृति का एक ऐसा उपहार है जिसे बहुत ही अमूल्य माना जाता है। आज आपको Gooseberry के द्वारा ठीक किए जाने वाले कुछ रोगों  के बारे में बताया जाएगा की आंवला किस तरह से बीमारियों का विनाश करता है और इंसान को स्वस्थ और ताजगी युक्त बनाता है। आइए जानते हैं Gooseberry के फायदों के बारे में-
पाचन शक्ति बनाया दमदार 
इस तरह के लोग जिनकी पाचन शक्ति बहुत ही कमजोर है। उनके लिए Gooseberry वरदान के रूप में माना जाता है। जिन लोगों को भूख नहीं लगती है और खाना ठीक से हजम नहीं होता है। ऐसे लोगों को सूखे आंवले का चूर्ण बना लेना चाहिए और उस चूर्ण को ताजे पानी के साथ दिन में तीन बार लेना चाहिए। इससे पाचन से संबंधित सभी तरह की समस्याओं का विनाश हो जाता है।

Gooseberry है वीर्य को बढ़ाने में लाभदायक

बहुत से लोग बचपन में कुछ ऐसी गलतियां कर देते हैं। जिनका खामियाजा उन्हें जवानी में भुगतना पड़ता है। अगर इस तरह की बीमारी से कोई पीड़ित होता है तो उसका वीर्य पतला हो जाता है। जिसके कारण वह संतान उत्पन्न करने के योग्य नहीं रहता। 
इसके लिए व्यक्ति को Gooseberryका चूर्ण और उसी मात्रा में पीसी हुई हल्दी को लेकर तवे पर हल्की आंच में भूल लेना चाहिए। जब यह दोनों चीज अच्छी तरीके से भुन जाएं तो इन्हें नीचे उतार लें। उन दोनों के बराबर ही इसमें कूजा मिश्री उसी मात्रा के बराबर मिला ले। इसके बाद इसे रोज सुबह खाली पेट आधा लीटर दूध के साथ सेवन करने से सभी तरह के शारीरिक दुर्बलता खत्म हो जाती है और वीर्य भी गाढा हो जाता है।  इसका सेवन कम से कम 1 माह तक करना आवश्यक है।

स्वप्नदोष की समस्या

स्वप्नदोष एक ऐसी समस्या है जिससे आज के समय में हजारों युवा उन लोगों के हाथों ढगे जाते हैं जो फर्जी के विज्ञापन लगा कर इधर-उधर घूमते रहते हैं। यह एक बहुत ही साधारण रोग है और इस रोग को वह लोग इतना गंभीर बता देते हैं युवाओं को बहुत ही ज्यादा परेशानी हो जाती है। 
इसका उपचार बहुत ही साधारण है। इसके लिए सुबह खाली पेट 25 ग्राम ताजे Gooseberry का रस शहद में मिलाकर पीने से यह रोग कुछ दिनों में ही पूरी तरह से खत्म हो जाता है।

पेशाब में जलन होना

पेशाब का पीला आना तथा लग कर आना यह कोई साधारण रोग नहीं है। इस रोग का जल्द से जल्द उपचार कराना चाहिए। इस रोग के उपचार के लिए दो चम्मच ताजा आंवले का रस 50 ग्राम शहद मिलाकर सुबह-शाम दोनों समय रोगी व्यक्ति को सेवन कराने से अति शीघ्र इस रोग से मुक्ति मिल जाती है।

धातु रोग

धातु रोग के कारण बहुत से लोग बहुत ही दुखी और चिंतित रहते हैं। वह अंदर ही अंदर कुंठित होते रहते हैं और किसी को अपनी समस्याओं के बारे में बताते भी नहीं है। इसके परिणाम स्वरूप व झोलाछाप डॉक्टरों के हाथ लुटते रहते हैं। इस समस्या से पीड़ित रोगियों को आंवले का रस 1 बड़ा चम्मच हल्के से शहद में घोलकर सुबह खाली पेट तथा रात को सोते समय लेना चाहिए। इससे बहुत ही जल्दी लाभ मिलता है।

गठिया रोग

गठिया रोग बहुत ही कष्टकारी और पीड़ादायक होता है। इससे स्त्री और पुरुष दोनों पीड़ित होते हैं। इसका उपचार Gooseberry आंवले के द्वारा आसानी से किया जा सकता है और इस रोग से मुक्ति पाई जा सकती है। इसके लिए एक गिलास पानी में सूखे आंवले 30 ग्राम और 50 ग्राम गुड़ डालकर उबालें जब उसमें पानी का चौथा भाग शेष रह जाए तो रोगी को दो बार दिन में पीने से गठिया रोग एक माह में पूरी तरह से ठीक हो जाता है।

हृदय तथा मस्तिष्क की कमजोरी

यह दोनों समस्या आज के समय में बहुत ही तेजी से लोगों को परेशान कर रहे हैं। ज्यादा से ज्यादा लोग इन दोनों बीमारियों से पीड़ित होते जा रहे हैं। इन के उपचार के लिए सुबह तथा शाम जब आधा भोजन कर लें तो ताजा आंवले का रस 25 ग्राम पानी में मिला ले। इसमें एक चम्मच चीनी भी मिला सकते हैं। हृदय एवं मस्तिष्क की दुर्बलता वाले रोगियों को 1 माह तक सेवन करने से हृदय मस्तिष्क के रोगों से पूरी तरह से मुक्ति मिल जाती है।

सुंदरता के लिए

Gooseberry का प्रयोग सुंदरता के लिए भी किया जाता है। इसके द्वारा चेहरे पर कील मुंहासे झाइयां इत्यादि को ठीक किया जा सकता है। इसके लिए पिसा हुआ आमला गुलाब जल में मिलाकर दिन में तीन बार मलने से कुछ ही दिनों में आपका चेहरा सुंदर नजर आने लगेगा और त्वचा गोरी और स्मूद हो जाएगी।
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