हाइलाइट्स:
- राम कथा से पहले निकली कलश यात्रा को पुलिस ने रोका, विधायक और पुलिस में तीखी झड़प।
- नया वीडियो वायरल, जिसमें नंदकिशोर गुर्जर और पुलिस अफसरों में धक्का-मुक्की दिखी।
- विधायक का दावा- पुलिस ने धार्मिक भावनाओं का अपमान किया, कुर्ता फाड़ा।
- बीजेपी संगठन की ओर से विधायक को कारण बताओ नोटिस जारी।
- उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने पुलिस अफसरों के खिलाफ कार्रवाई के संकेत दिए।
क्या है पूरा मामला?
गाजियाबाद के लोनी इलाके में राम कथा से पहले कलश यात्रा निकाली जा रही थी। इस दौरान BJP विधायक नंदकिशोर गुर्जर सिर पर रामचरित मानस लेकर चल रहे थे। पुलिस ने इस यात्रा को बिना अनुमति बताकर रोकने का प्रयास किया, जिसके बाद स्थिति बिगड़ गई। पहले तीखी बहस और फिर धक्का-मुक्की हुई।
अब इस पूरे विवाद का एक नया वीडियो सामने आया है, जिसमें विधायक और उनके समर्थक पुलिस अधिकारी से भिड़ते नजर आ रहे हैं। वीडियो में दिख रहा है कि पुलिस और विधायक के बीच जमकर नोकझोंक हो रही है।
विधायक नंदकिशोर गुर्जर का बयान
विधायक नंदकिशोर गुर्जर ने इस मामले में कहा:
“मैंने किसी का गला नहीं पकड़ा, बल्कि पुलिस वाले को हटने के लिए कहा था। पुलिस ने मेरा कुर्ता नहीं फाड़ा, बल्कि लोकतंत्र का चीरहरण किया है।”
उन्होंने आगे कहा कि वे गलत के खिलाफ लड़ते रहेंगे और बीजेपी संगठन को जवाब दे चुके हैं। उन्होंने पुलिस पर धार्मिक भावनाओं का अपमान करने का आरोप लगाया।
उत्तर प्रदेश में बीजेपी वाले ही पुलिस का इक़बाल ख़त्म करने पर तुले हैं। लोनी (गाजियाबाद) के भाजपा विधायक नंद किशोर गुर्जर का कारनामा देखिए। उनके नेतृत्व में एसीपी कुंवर अजय कुमार सिंह का गला गला घोंटने का प्रयास किया गया। विधायक के साथ उनके समर्थक और उनका बेटा भी शामिल थे।… pic.twitter.com/8vawKmK3km
— Yashwant Singh (@yashbhadas) March 23, 2025
पुलिस प्रशासन का पक्ष
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि:
“कलश यात्रा के लिए अनुमति नहीं ली गई थी, इसलिए इसे रोकने का प्रयास किया गया। धक्का-मुक्की की घटना हुई, जिसकी जांच की जा रही है।”
वहीं, सूत्रों के मुताबिक, इस मामले में कई वीडियो क्लिप्स की जांच कर कार्रवाई की योजना बनाई जा रही है।
राजनीतिक हलचल और बीजेपी का रुख
BJP संगठन ने विधायक नंदकिशोर गुर्जर को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। पार्टी से जुड़े सूत्रों के मुताबिक, पुलिस के साथ हुई झड़प और विवाद को लेकर संगठन सख्त रुख अपना सकता है।
हालांकि, डिप्टी CM केशव प्रसाद मौर्य ने मंच से विधायक के पक्ष में बयान दिया और दोषी पुलिस अफसरों पर कार्रवाई के संकेत दिए।
अब आगे क्या?
इस विवाद को लेकर बीजेपी और पुलिस प्रशासन के बीच तनाव बढ़ता जा रहा है। अगर पुलिस अफसरों पर कार्रवाई होती है, तो यह मामला और तूल पकड़ सकता है।
संभावित परिणाम:
- पुलिस प्रशासन पर राजनीतिक दबाव बढ़ सकता है।
- विधायक पर पार्टी अनुशासनात्मक कार्रवाई कर सकती है।
- यदि मामला और गरमाया, तो CM योगी आदित्यनाथ खुद इसमें हस्तक्षेप कर सकते हैं।
FAQs (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)
1. लोनी में कलश यात्रा विवाद क्या है?
यह विवाद तब शुरू हुआ जब BJP विधायक नंदकिशोर गुर्जर की अगुवाई में निकाली जा रही कलश यात्रा को पुलिस ने बिना अनुमति बताकर रोकने की कोशिश की। इस दौरान पुलिस और विधायक समर्थकों के बीच झड़प हो गई।
2. इस मामले में नया वीडियो क्या दिखाता है?
नए वीडियो में विधायक और पुलिस अधिकारियों के बीच धक्का-मुक्की और तीखी बहस दिखाई दे रही है।
3. पुलिस प्रशासन ने क्या बयान दिया है?
पुलिस का कहना है कि यात्रा की अनुमति नहीं थी, इसलिए इसे रोका गया। घटना की जांच जारी है।
4. बीजेपी ने विधायक पर क्या कार्रवाई की है?
बीजेपी संगठन ने कारण बताओ नोटिस जारी किया है और स्पष्टीकरण मांगा है।
5. क्या इस मामले में पुलिस अफसरों पर कार्रवाई होगी?
डिप्टी CM केशव प्रसाद मौर्य ने दोषी पुलिस अफसरों पर कार्रवाई के संकेत दिए हैं, लेकिन अंतिम निर्णय अभी नहीं हुआ है।
यह मामला सिर्फ एक कानून व्यवस्था का मुद्दा नहीं, बल्कि राजनीति और प्रशासनिक कार्यशैली का टकराव भी है। आने वाले दिनों में यह मामला और गर्मा सकता है।
आपकी इस मामले पर क्या राय है? नीचे कमेंट करके बताएं!
इस खबर को शेयर करें और अपने दोस्तों तक पहुंचाएं!